रांची। राजधानी रांची के डोरंडा थाना क्षेत्र से दहेज प्रताड़ना और क्रूरता की एक दहला देने वाली घटना सामने आई है। शादी के बाद से ही दहेज के लिए प्रताड़ित की जा रही एक विवाहिता और उसकी मासूम बच्ची को ससुराल वालों ने बुरी तरह पीटा। हद तो तब पार हो गई जब पति ने उसकी हत्या के नीयत से चाकू से हमला कर दिया। पीड़िता ने पति सीनान आलम, ससुर कारी जान मुहम्मद मुस्ताफी , सास कौसर आरा , देवर सलमान आलम सहित चार के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज करायी है। पीड़िता समन फिरदौस का मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार 20 दिसंबर 2023 को सीनान आलम (पिता- कारी जान मुहम्मद मुस्ताफी, निवासी- निजाम नगर, मनीटोला, डोरंडा) के साथ विवाह हुआ था। शादी में वादिनी के पिता ने अपनी हैसियत के अनुसार घरेलू सामान, दहेज और लगभग 50 ग्राम सोने के आभूषण दिए थे।लेकिन शादी के कुछ समय बाद से ही ससुराल पक्ष के लोग कम दहेज मिलने का ताना देने लगे। जब विवाहिता को बेटी हुई तो प्रताड़ना और अधिक बढ़ गई। सास आए दिन ताना देती थी कि उसके बेटे का रिश्ता कहीं और तय हुआ था जहां कार और बुलेट मिल रही थी।प्राथमिकी के अनुसार 24 जुलाई 2026 को ससुराल पक्ष के लोगों ने वादिनी के साथ बेरहमी से मारपीट की, जिससे उसे गाल, गर्दन, हाथ और सिर में गंभीर चोटें आईं। इस दौरान दरिंदगी की हद पार करते हुए उसकी मासूम बच्ची को भी जमीन पर पटक दिया गया, जिससे उसकी जान पर बन आई।आरोप है कि पति सीनान आलम ने उसे जान से मारने के लिए चाकू निकाल लिया। किसी तरह पीड़िता ने कमरे में भागकर अंदर से दरवाजा बंद किया और अपनी जान बचाई। इसके बाद उसने डरते हुए मायके फोन कर परिजनों को इसकी जानकारी दी। जब पीड़िता के पिता और भाई मौके पर पहुंचे, तो ससुराल वालों ने उनके साथ भी मारपीट की।
प्रताड़ना के अन्य गंभीर आरोप
महिला ने ससुराल वालों पर प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाये हैं,जिसमें रसोई गैस खुली छोड़ दी जाती थी ताकि कोई बड़ी दुर्घटना हो जाए, खाने-पीने की चीजों और फ्रिज में ताला लगा दिया जाता था, कई-कई घंटे कमरे में बाहर से बंद रखा जाता था, मायके वालों से बात करने पर पाबंदी थी और बार-बार तलाक व जान से मारने की धमकी दी जाती थी। पुलिस फिलहाल सभी पहलुओं पर बारीकी से जांच कर रही है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।