इस मानसूनी सीजन में चौथी बार खोला गया कांके डैम का फाटक, हटिया डैम का जलस्तर 36 फीट के पार

रांची। राजधानी रांची में लगातार हो रही झमाझम बारिश का असर शहर के प्रमुख डैमों के जलस्तर पर साफ दिखाई देने लगा है। भारी बारिश के कारण कांके, रुक्का-गेतलसूद और हटिया डैम का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। जलस्तर बढ़ने के बाद सुरक्षा को देखते हुए कांके और रुक्का-गेतलसूद डैम के फाटक खोलकर अतिरिक्त पानी की निकासी शुरू कर दी गई है।

बताया गया है कि बंगाल की खाड़ी में बने डिप्रेशन के प्रभाव से मौसम में बदलाव आया है। शनिवार सुबह से ही रांची में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हो रही है। लगातार बारिश के कारण डैमों में पानी की आवक बढ़ गई है।

गेतलसूद डैम के दो फाटक खुले

रुक्का-गेतलसूद डैम का जलस्तर बढ़ने के बाद शनिवार सुबह करीब आठ बजे दो फाटकों को चार-चार इंच तक खोल दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, डैम पर पानी का दबाव कम करने और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त पानी की निकासी की जा रही है।

रुक्का-गेतलसूद डैम के सहायक अभियंता जॉन बोदरा ने बताया कि लगातार बारिश के कारण 36 फीट क्षमता वाले डैम का जलस्तर 34.3 फीट तक पहुंच गया। इसके बाद शनिवार को दो फाटकों को चार-चार इंच खोला गया। उन्होंने बताया कि इस मानसूनी सीजन में रुक्का-गेतलसूद डैम का फाटक तीसरी बार खोला गया है।

रुक्का-गेतलसूद डैम रांची के बड़े हिस्से में पेयजल की आपूर्ति करता है और राजधानी की करीब आधी आबादी की जलापूर्ति इससे जुड़ी है।

चौथी बार खोला गया कांके डैम का फाटक

लगातार बारिश के बीच कांके डैम का फाटक भी 6 इंच तक खोल दिया गया है। कांके डैम का एक फाटक 23 सितंबर से चार इंच तक खुला था, जिसे बाद में दो इंच कर दिया गया था। अब बारिश तेज होने और जलस्तर बढ़ने के बाद इसे फिर छह इंच तक खोल दिया गया है।

कांके डैम के इंचार्ज नागेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि डैम का जलस्तर 28 फीट तक पहुंचने के बाद फाटक को दो इंच से बढ़ाकर छह इंच किया गया। शनिवार सुबह सात बजे से अधिक मात्रा में पानी डिस्चार्ज किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस मानसूनी सीजन में कांके डैम का फाटक चौथी बार खोला गया है।

हटिया डैम भी भराव क्षमता के करीब

रांची के धुर्वा स्थित हटिया डैम का जलस्तर भी लगातार बढ़ रहा है। 39 फीट क्षमता वाले इस डैम में पानी का स्तर 36 फीट के निशान को पार कर गया है। डैम के जेई के अनुसार, जलस्तर फिलहाल डैम की अधिकतम क्षमता के करीब है और लगातार निगरानी की जा रही है।

सुरक्षा के मद्देनजर स्क्रबर वाल्व को पहले ही खोल दिया गया है, ताकि पानी के साथ जमा कचरा बाहर निकल सके। अधिकारियों के मुताबिक हटिया डैम की क्षमता 39 फीट है, जबकि गेट की अधिकतम ऊंचाई 38 फीट है। फिलहाल पानी का स्तर गेट से नीचे है।

लगातार हो रही बारिश के कारण राजधानी के तीनों प्रमुख डैमों के जलस्तर पर प्रशासन और जलापूर्ति विभाग की नजर बनी हुई है।