दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ रैली में प्रतिपक्ष के नेता राहुल गांधी के आह्वान पर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की गई। इस रैली में झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन शामिल नहीं हो सके। उनके करीबी सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री 31 अक्तूबर को पहले ही ‘सड़क पर संसद’ नामक कार्यक्रम में ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पेश करने के संबंध में भाग ले चुके थे।

हालांकि, इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी के करीब बैठकर कोई आधिकारिक भाषण नहीं दिया। झामुमो के राज्यसभा सदस्य बैजनाथ राम ने रैली में अपनी बात रखी, जबकि मुख्यमंत्री ने मंच से नीचे आकर मीडिया से बातचीत की।