रांची। झारखंड पुलिस ने नक्सल विरोधी अभियान में एक बार फिर महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। चाईबासा पुलिस और सुरक्षाबलों के संयुक्त अभियान में, 10 लाख रुपये के ईनामिया नक्सली सालूका कायम उर्फ भुवनेश्वर, उसकी पत्नी पिंकी और कोदो मुनी कोड़ा उर्फ पद्मनी ने आत्मसमर्पण कर दिया है। इन तीनों को फिलहाल सुरक्षित स्थान पर रखा गया है, जहां पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है। हालांकि, अभी तक इन्होंने पुलिस को कोई हथियार नहीं सौंपा है।
सालूका की नक्सली गतिविधियाँ
पुलिस के अनुसार, सालूका कायम कई महत्वपूर्ण मुठभेड़ों में शामिल रहा है। उसके खिलाफ लगभग दो दर्जन मुठभेड़ें दर्ज हैं, जिनमें उसने आईईडी का इस्तेमाल कर सुरक्षाबलों को नुकसान पहुँचाया है। इसके अलावा, अपहरण और हत्या जैसे जघन्य अपराधों में भी उसका नाम सामने आया है। सालूका के खिलाफ विभिन्न थानों में लगभग 96 मामले दर्ज हैं।
सरायकेला पुलिस की हालिया सफलता
हाल ही में सरायकेला-खरसावां जिले में नक्सल विरोधी अभियान के तहत पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। संयुक्त अभियान के दौरान, पुलिस ने 22 लाख रुपये के तीन हार्डकोर नक्सलियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए नक्सलियों में 5 लाख रुपये का ईनामिया सागर सिंह सरदार उर्फ बिरेन उर्फ रवि, 15 लाख रुपये का ईनामिया मदन महतो और 2 लाख रुपये की इनामी महिला नक्सली मीना पहाड़िया शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि इन गिरफ्तारियों से जिले में सक्रिय नक्सली नेटवर्क को एक बड़ा झटका लगा है।










