2000 रुपए चुराए, पुलिस के खौफ से 14 साल गुफा में छुपकर बिताया

एक चोर अपने दोस्तों के साथ मिलकर 2000 रुपए की चोरी करता है और वह पुलिस से इतना डर जाता है कि वह भागकर जंगल में एक गुफा में छुप जाता है। 14 साल तक वह उसी गुफा में रहता है फिर वह बाहर आकर पुलिस के सामने अपना गुनाह कबूल करता है।

आपने चोरों की कई कहानियां सुना होगा। हिंदी की किताब में एक कहानी थी बाबा भारती की। जिसमें एक चोर उनसे धोखा कर उनका घोड़ा चुरा लेता है लेकिन बाबा भारती इस बात का बुरा नहीं मानते बल्कि चोर को एक सबक देते हैं कि वह बाहर किसी से भी न कहे कि उसने घोड़ा चुराया है नहीं तो लोगों का भरोसा अच्छाई से उठ जाएगा।

उनके इस बात से चोर रात को आकर घोड़े को खुद ही खुटे से बांधकर चला जाता है। ऐसी ही कई कहानियां होंगी जिन्हें आपने सुना होगा। जिसमें चोरों को अपनी गलती का अहसास होता है और वह अपने आप को पुलिस के सामने समर्पित कर देते हैं। ठीक वैसे ही ट्विटर पर एक घटना सामने आई है।

जहां एक चोर अपने दोस्तों के साथ मिलकर 2000 रुपए की चोरी करता है और वह पुलिस से इतना डर जाता है कि वह भागकर जंगल में एक गुफा में छुप जाता है। 14 साल तक वह उसी गुफा में रहता है फिर वह बाहर आकर पुलिस के सामने अपना गुनाह कबूल करता है।

मात्र 2000 रुपए की चोरी की थी

मामला चीन के हुबेई प्रांत की है। जहां पर लिउ मोउफू नाम का एक शख्स 2009 में अपने बहनोई और एक दोस्त के साथ मिलकर एक गैस स्टेशन में लूटपाट करते हैं। इस दौरान उन्होंने 156 युआन यानी लगभग 2000 रुपए चुराए थे। इसके अलावा उनहोंने दो मोबाइल फोन और एक एंटिक दिया भी चुराया था। इसके बाद उन्होंने उन पैसों से जमकर पार्टी की और एक रेस्टोरेंट में खाना खाया। उसी वक्त उन्होंने 60 युआन खर्च कर दिया।

बाकी बचे हुए पैसों को तीन हिस्से में बांट दिया। इस तरह सबके हिस्से में 32 युआन यानी 375 रुपए आया। चोरी के बाद घटना की जानकारी पुलिस को लगी तो हंगामा मच गया और लिउ मोउफू के दोस्तों को गिरफ्तार कर लिया गया। अपने दोस्तों के गिरफ्तार होने के लियू मोउफ डर गया और उसे लगा कि पुलिस उसके दोस्तों के सहारे उसके घर तक भी पहुंच जाएगी इसलिए वह अपने घर से 10 किलोमिटर दूर जंगल में भाग गया और वहां पर एक चट्टान पर गुफा बनाकर रहने लगा।

14 साल तक गुफा में छुपकर रहा

लिउ मोउफू 14 साल तक उसी गुफा में छुपकर रहा और बाहर नहीं निकला। पुलिस वालों ने बताया कि लियु को जब भूख लगती थी तब वह बाहर निकलता था और जंगली जानवरों का शिकार कर उन्हें खा जाता था। वह वहां पर साधु की तरह रहता था और उस सुनसान जगह पर कोई नहीं जाता था इसलिए उसकी कोई जानकारी नहीं मिल पाती थी।

जानवरों से बचने के लिए लिउ मोउफ ने कई आवांरा कुत्तों को पाल रखा था। जब कोई जंगली जानवर उसके गुफा के करीब आते थे तब कुत्ते उन पर भौंकने लगते। इससे लिउ मोउफ उठ जाता था और वह गुफा का दरवाजा बंद कर छुप जाता था। कभी-कभी रात को लियु मोउफ अपने गांव में आता था और वहां से सब्जी और मांस चोरी कर ले जाता था।

पुलिस का सामने किया आत्मसमर्पण

इसके बाद लिउ मोउफ के जीवन में काफी कुछ बदला। उसके पिता की मौत हो गई और उसके बेटे की शादी भी हो गई। परिवार से दूर रहकर उसे बहुत बुरा लग रहा था। थक हारकर वह गुफा से बाहर निकला और 12 फरवरी को उसने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस से उसने अपने घर जाने के लिए अर्जी लगाई और उसने कहा कि वह घर जाकर एक समान्य जीवन जीना चाहता है।

उसने पुलिस वालों को वो गुफा भी दिखाई जिसमें वह 14 साल से छुपा हुआ था। उसने कहा कि उसे इस बात का बहुत अफसोस है। पुलिस ने भी रहमदिली दिखाते हुए उसको कम से कम सजा दिलाने का वादा किया है। लियु को कम से कम 3 साल तक और अधिकत्तम 10 साल की जेल हो सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *