चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर प्रखंड में टोकलो थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक महिला की संदिग्ध मृत्यु के मामले का पुलिस ने खुलासा किया है। इस मामले में मृतका के पति को गिरफ्तार किया गया है। प्रारंभिक जांच में यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा था, लेकिन बाद में यह हत्या का मामला बन गया। आरोपी ने घरेलू विवाद के चलते पत्नी की हत्या की और शव को पेड़ पर लटकाकर आत्महत्या का रूप देने का प्रयास किया।
2024 में हुई थी शादी
जानकारी के अनुसार, टोकलो थाना क्षेत्र के जानटा गांव के निवासी चैतन गिलुवा उर्फ मोटू (23) ने 2024 में दुड़ियाम गांव की रायमुनी सरदार से विवाह किया था। शादी के कुछ समय बाद से ही दोनों के बीच अक्सर घरेलू मामलों को लेकर विवाद होता रहा। आर्थिक परेशानियों के चलते दंपती ने ओडिशा और जमशेदपुर में मजदूरी भी की, इस दौरान उनके यहां एक बेटी का जन्म हुआ।
मेले से लौटने के बाद हुआ विवाद
जांच में यह पता चला कि 15 जून को दंपती अपनी डेढ़ वर्षीय बेटी के साथ नलिता गांव में आयोजित मेले में गए थे। मेले से लौटते समय आरोपी अपने साथ सूअर का मांस भी लाया था। घर पहुंचने पर उसने पत्नी से मांस पकाने को कहा, जिसके चलते दोनों के बीच विवाद हुआ और कहासुनी बढ़ गई।
जंगल में ले जाकर की हत्या
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि विवाद के बाद उसकी पत्नी घर से बाहर चली गई। वह भी उसके पीछे जंगल की ओर गया, जहां फिर से दोनों के बीच बहस हुई। इसी दौरान उसने पत्नी पर हमला कर दिया, जिससे वह अचेत होकर गिर गई और उसकी मृत्यु हो गई।
आत्महत्या का रूप देने की कोशिश
पुलिस के अनुसार, घटना के बाद आरोपी ने सबूत छिपाने और मामले को आत्महत्या के रूप में प्रस्तुत करने के लिए शव को एक पेड़ से लटका दिया और स्वयं घर लौट आया। अगले दिन उसने अपने पिता और गांव के मुखिया के साथ थाने जाकर पत्नी की मृत्यु की सूचना दी और इसे आत्महत्या बताया।
पूछताछ में कबूला जुर्म
शव मिलने के बाद पुलिस ने गहन जांच शुरू की। घटनास्थल की परिस्थितियों और आरोपी के बयान में विरोधाभास मिलने पर पुलिस को संदेह हुआ। सख्ती से पूछताछ करने पर आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। पुलिस ने चैतन गिलुवा को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई चल रही है।
