नई दिल्ली: श्रीलंका के दो युवा अंडर-19 क्रिकेटरों पर एक गंभीर आरोप लगा है, जिसमें उनपर होटल के बाथरूम में महिलाओं के नहाने का वीडियो बनाने का आरोप है। यह घटना कोलंबो के एक होटल में हुई, जहां विभिन्न टीमों के खिलाड़ी ठहरे हुए थे। शिकायत के बाद, पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों खिलाड़ियों को गिरफ्तार कर लिया। इस मामले ने न केवल क्रिकेट बोर्ड बल्कि खेल की संपूर्ण छवि पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
इस घटना का केंद्र कोलंबो के नाराहेनपिटा क्षेत्र का एक होटल बताया जा रहा है। महिलाओं ने शिकायत की कि दो क्रिकेटरों ने बाथरूम में उनका वीडियो बनाने की कोशिश की। आरोपों के सामने आते ही होटल प्रशासन और पुलिस सक्रिय हो गए। जांच के दौरान दोनों खिलाड़ियों को हिरासत में लिया गया, जिससे होटल और आसपास के क्षेत्रों में चर्चाएँ तेज हो गई हैं।
कोर्ट में पेशी और जमानत
दोनों आरोपियों को अलुथकाडे मजिस्ट्रेट कोर्ट में पेश किया गया। पहली सुनवाई के बाद अदालत ने उन्हें जमानत दे दी है, और उन्हें पांच लाख श्रीलंकाई रुपये के मुचलके पर रिहा किया गया है। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 25 मई को निर्धारित की है। इस समय, दोनों खिलाड़ी जांच के दायरे में हैं और उन्हें अदालत के निर्देशों का पालन करना होगा।
पुलिस की जांच जारी
पुलिस इस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह देखा जा रहा है कि क्या बनाए गए वीडियो को ऑनलाइन साझा किया गया है। यदि ऐसा पाया जाता है, तो मामला और अधिक गंभीर हो सकता है। पुलिस डिजिटल साक्ष्यों की भी छानबीन कर रही है, और शिकायतकर्ताओं के बयान भी दर्ज किए जा चुके हैं।
बोर्ड की चुप्पी
इस पूरे प्रकरण में श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड द्वारा अब तक कोई आधिकारिक अनुशासनात्मक कार्रवाई नहीं की गई है। हालांकि, इस मामले के प्रकाश में आने के बाद बोर्ड पर दबाव बढ़ता जा रहा है। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी घटनाओं पर सख्त कदम उठाना आवश्यक है, ताकि खिलाड़ियों के आचरण पर नियंत्रण रखा जा सके और खेल की गरिमा बनी रहे।
बदलाव के दौर में विवाद
यह विवाद उस समय सामने आया है जब श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड बड़े बदलावों के दौर से गुजर रहा है। हाल ही में बोर्ड की पूरी नेतृत्व टीम ने इस्तीफा दिया है, और एक नई ट्रांसफॉर्मेशन कमेटी का गठन किया गया है, जिसमें पूर्व कप्तान कुमार संगकारा भी शामिल हैं।
