रांची में ट्रेजरी घोटाले का बड़ा खुलासा
रांची: झारखंड की राजधानी रांची में एक गंभीर ट्रेजरी घोटाले का मामला सामने आया है। कांके स्थित पशुपालन विभाग के कोषागार से तीन करोड़ रुपये से अधिक की अवैध निकासी का आरोप लगाया गया है। इस मामले में विभाग के डीडीओ ने कोतवाली थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है, जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
आरोपियों की पहचान और घोटाले का विवरण
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यह घोटाला इंस्टीट्यूट ऑफ एनिमल हेल्थ एंड प्रोडक्शन के दो कर्मचारियों मुनीन्द्र कुमार (अकाउंटेंट) और संजीव कुमार द्वारा किया गया है। आरोप यह है कि दोनों ने वेतन मद में हेरफेर कर अपने-अपने खातों में अवैध रूप से धनराशि ट्रांसफर की। यह गड़बड़ी पिछले तीन वर्षों (2023-24, 2024-25 और 2025-26) से लगातार चल रही थी। आरोपियों ने सैलरी पोर्टल में छेड़छाड़ कर अपने मूल वेतन को बढ़ाकर कोषागार से अधिक राशि निकाली।
जांच की प्रक्रिया और आगे की कार्रवाई
डीसी स्तर की जांच के बाद विभागीय कर्मी ने लिखित शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर मजिस्ट्रेट मोहम्मद जफर हसमत के निर्देश पर मामला दर्ज हुआ। वर्तमान में पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है और अन्य संभावित संलिप्त व्यक्तियों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है। इससे पहले बोकारो और हजारीबाग में भी इसी प्रकार के मामलों का खुलासा हो चुका है। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या घोटाले की राशि तीन करोड़ रुपये तक ही सीमित रहती है या जांच में और बड़े खुलासे होते हैं।

