मुंबई: आईसीसी टी20 विश्व कप 2026 के सुपर-8 चरण में वेस्टइंडीज ने अपने बल्लेबाजी कौशल का अद्भुत प्रदर्शन किया, जो टूर्नामेंट के इतिहास में एक नई ऊँचाई पर पहुंच गया। मुंबई के वानखेड़े क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए मैच में कैरेबियाई टीम ने जिम्बाब्वे के खिलाफ पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 254 रन बनाए। यह टी20 विश्व कप के इतिहास का दूसरा सबसे बड़ा टीम स्कोर है।

इससे पहले, सबसे बड़े स्कोर का रिकॉर्ड श्रीलंका के पास था, जिसने 2007 के टी20 विश्व कप में केन्या के खिलाफ 260 रन बनाए थे। वेस्टइंडीज ने इस धमाकेदार प्रदर्शन के जरिए भारत, आयरलैंड, इंग्लैंड और दक्षिण अफ्रीका जैसी टीमों को पीछे छोड़ दिया। भारत ने 2007 में इंग्लैंड के खिलाफ 218 रन बनाए थे और अब भारतीय टीम इस सूची में सातवें स्थान पर खिसक गई है।

हेटमायर की तूफानी पारी

टॉस हारने के बाद वेस्टइंडीज की शुरुआत अच्छी नहीं रही, जब टीम ने शुरुआती ओवरों में दो विकेट जल्दी गंवा दिए। इसके बाद शिमरन हेटमायर और रोवमैन पॉवेल ने मोर्चा संभाला और जिम्बाब्वे के गेंदबाजों के खिलाफ आक्रामक खेलना शुरू किया।

हेटमायर ने मात्र 19 गेंदों में अर्धशतक बनाकर वेस्टइंडीज के लिए टी20 विश्व कप में सबसे तेज फिफ्टी का रिकॉर्ड बनाया। उन्होंने 34 गेंदों पर 7 चौके और 7 छक्कों की मदद से 85 रन की ताबड़तोड़ पारी खेली। उनके आउट होने के बावजूद रनगति में कोई कमी नहीं आई।

कप्तान पॉवेल की आक्रामक बल्लेबाजी

हेटमायर के आउट होने के बाद कप्तान पॉवेल ने अपनी पारी को आगे बढ़ाया और आक्रामक तरीके से खेलना जारी रखा। उन्होंने 35 गेंदों में 59 रन बनाये, जिसमें 4 चौके और 4 छक्के शामिल थे। पॉवेल की पारी ने वेस्टइंडीज को 250 के पार पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। मध्यक्रम और निचले क्रम के बल्लेबाजों ने भी रनगति को बनाए रखा। शेरफेन रदरफोर्ड ने 13 गेंदों में नाबाद 31 रन बनाए, जबकि रोमारियो शेफर्ड ने 10 गेंदों में 21 रन जोड़कर पारी को विस्फोटक अंत दिया।

सुपर-8 में मजबूत दावेदारी

सुपर-8 जैसे महत्वपूर्ण चरण में वेस्टइंडीज का यह प्रदर्शन टीम के आत्मविश्वास को नई ताकत प्रदान करेगा। 254 रन का ये बड़ा स्कोर इस बात का प्रमाण है कि जब कैरेबियाई बल्लेबाज लय में होते हैं, तो वे किसी भी गेंदबाजी आक्रमण को ध्वस्त कर सकते हैं। इस ऐतिहासिक पारी के बाद वेस्टइंडीज ने सेमीफाइनल की दौड़ में खुद को एक मजबूत दावेदार के रूप में दर्शाया है और अन्य टीमों को स्पष्ट संकेत दिया है कि कैरेबियाई बल्लेबाजी से सफल होना आसान नहीं होगा।