नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट में कई ऐसे क्षण होते हैं जो सिर्फ स्कोरकार्ड पर नहीं, बल्कि खिलाड़ियों के मन में गहरे बैठ जाते हैं। ऑस्ट्रेलिया दौरे पर युवा तेज गेंदबाज हर्षित राणा के साथ भी ऐसा हुआ, जब उन्होंने मैदान पर रोहित शर्मा से मिली एक महत्वपूर्ण सलाह को आज तक नहीं भुलाया।
सिडनी में खेले गए एक वनडे मुकाबले में, हर्षित राणा ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 4 विकेट लिए और 39 रन खर्च किए। उनकी इस भूमिका ने उन आलोचनाओं का मुंहतोड़ जवाब दिया, जो कि उनके टीम में चयन को लेकर उठ रही थीं। 23 वर्षीय इस गेंदबाज पर स्पष्ट रूप से दबाव था, लेकिन उन्होंने अपने मौके का सही तरीके से लाभ उठाया।
हर्षित राणा ने बदला मैच का रुख
एक समय पर ऑस्ट्रेलियाई टीम 183/3 के मजबूत स्कोर पर थी। बल्लेबाज स्थिर दिखाई दे रहे थे, लेकिन हर्षित राणा की तेज गेंदबाजी ने खेल का मिजाज बदल दिया। ऑस्ट्रेलिया ने मात्र 53 रन के भीतर 7 विकेट खो दिए और पूरी टीम 236 रन पर सिमट गई।
मैदान पर रोहित शर्मा की खास दखल
हाल ही में एक पॉडकास्ट के दौरान, हर्षित राणा ने उस मैच से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा साझा किया। उन्होंने बताया कि कप्तान शुभमन गिल और उनके बीच फील्डिंग के बारे में चर्चा हो रही थी।
हर्षित ने कहा, ‘शुभमन गिल ने मुझसे स्लिप में फील्डर लगाने को कहा, लेकिन मुझे लगा कि गेंद ज्यादा मूव नहीं हो रही है, इसलिए मैंने मना कर दिया। तभी रोहित शर्मा वहां आए और उन्होंने पूछा, ‘तुम स्लिप क्यों नहीं रखना चाहते?’ मेरे पास उनके सवाल का कोई ठोस जवाब नहीं था, जिसके चलते मैंने रोहित की बात मानकर फील्डिंग में बदलाव किया।’
रोहित शर्मा ने दी सलाह
स्लिप लगाने के ठीक अगले गेंद पर बल्लेबाज आउट हो गया। विकेट गिरते ही रोहित ने हर्षित से कहा, ‘अब जब भी नया बल्लेबाज आए, तुम स्लिप रखोगे, चाहे मैं वहां रहूं या नहीं।’ हर्षित के लिए यह बदलाव सिर्फ एक फील्डिंग निर्णय नहीं था, बल्कि आक्रामकता और आत्मविश्वास का एक महत्वपूर्ण पाठ था। उन्होंने माना कि रोहित शर्मा की अनुभवजन्य बातें दबाव में काफी सहायक सिद्ध होती हैं।
सीख जो हमेशा साथ रहेगी
हर्षित राणा ने कहा कि वह अभी शुभमन गिल की कप्तानी के संदर्भ में सीखने की प्रक्रिया में हैं, लेकिन रोहित शर्मा की स्पष्ट समझ और मैच को पढ़ने की क्षमता ने उन्हें कई महत्वपूर्ण बातें सिखाई हैं।
