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झारखंड के जामताड़ा में छात्रा की असामयिक मृत्यु
जामताड़ा जिले के नारायणपुर स्थित कस्तूरबा आवासीय विद्यालय में एक छात्रा की तबियत शनिवार को बिगड़ गई। सूचना के अनुसार, छात्रा की हालत बिगड़ने पर प्रबंधन ने उसके स्वजनों को बुलाने के बाद उन्हें विद्यालय के बाहर ही बैठाए रखा, जबकि विद्यालय में एनुअल फंक्शन चलता रहा। इससे छात्रा की तबियत और बिगड़ गई और अंततः उसकी मृत्यु हो गई।
घटना का विवरण
प्रबंधन द्वारा छात्रा की स्थिति को गंभीरता से न लेते हुए, स्वजनों को बाहर बिठाने का निर्णय लिया गया। इस दौरान, फंक्शन पर ध्यान केंद्रित किया गया, जिससे छात्रा को समय पर आवश्यक चिकित्सा सहायता नहीं मिल सकी। इस घटना ने विद्यालय प्रबंधन की लापरवाही को उजागर किया है, जिससे क्षेत्रीय लोगों में काफी रोष व्याप्त है।
स्थानीय प्रतिक्रिया
विद्यार्थियों और अभिभावकों ने इस घटना के खिलाफ जोरदार विरोध जताया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसी लापरवाहियाँ सख्त कार्रवाई की मांग करती हैं। मामले की उच्च स्तरीय जांच की आवश्यकता है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।
प्रबंधन की प्रतिक्रिया
इस घटना पर विद्यालय प्रबंधन ने कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है। लेकिन सूत्रों के अनुसार, प्रबंधन इस स्थिति को गंभीरता से ले रहा है और जांच के लिए एक समिति का गठन करने की संभावना है।
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