लोहरदगा : विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर झारखंड के लोहरदगा जिले में तंबाकू के सेवन के खिलाफ एक व्यापक जन जागरूकता अभियान की शुरुआत की गई। उपायुक्त संदीप कुमार मीना ने समाहरणालय परिसर से एक विशेष जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य लोगों को तंबाकू और तंबाकू उत्पादों के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक करना और स्वस्थ एवं नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करना है।
यह कार्यक्रम जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया, जिसमें अधिकारियों, कर्मचारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और आम नागरिकों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान तंबाकू नियंत्रण और स्वास्थ्य जागरूकता के संबंध में कई महत्वपूर्ण संदेश प्रस्तुत किए गए।
उपायुक्त की युवाओं से अपील
कार्यक्रम में बोलते हुए उपायुक्त संदीप कुमार मीना ने बताया कि तंबाकू का सेवन स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक है। यह कैंसर, हृदय रोग, फेफड़ों की गंभीर बीमारियों और अन्य जानलेवा रोगों का प्रमुख कारण बन सकता है। उन्होंने कहा कि तंबाकू से होने वाली बीमारियों की रोकथाम के लिए समाज के हर वर्ग का जागरूक होना आवश्यक है।
उपायुक्त ने खासकर युवाओं से नशे और तंबाकू से दूरी बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि युवा वर्ग समाज में सकारात्मक बदलाव के प्रतीक बन सकता है। यदि युवा स्वस्थ जीवनशैली अपनाते हैं, तो आने वाली पीढ़ियों को भी एक बेहतर दिशा मिलेगी।
जागरूकता रथ का भ्रमण
इस अवसर पर रवाना किया गया जागरूकता रथ जिले के विभिन्न ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में भ्रमण करेगा। इस दौरान तंबाकू निषेध से संबंधित संदेश, जागरूकता नारे, पोस्टर और प्रचार सामग्री के माध्यम से लोगों को तंबाकू सेवन के नुकसान के बारे में बताया जाएगा।
प्रशासन का मानना है कि जनसंपर्क आधारित ऐसे अभियान लोगों तक सीधे पहुंचकर अधिक प्रभावी परिणाम देते हैं। रथ के माध्यम से युवाओं, विद्यार्थियों और ग्रामीण समुदायों को तंबाकू के खतरों के प्रति जागरूक किया जाएगा।
स्वस्थ समाज के निर्माण का संकल्प
कार्यक्रम के दौरान एक हस्ताक्षर अभियान का भी आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में अधिकारियों, कर्मचारियों और आम नागरिकों ने भाग लिया। प्रतिभागियों ने तंबाकू सेवन के खिलाफ जागरूकता फैलाने और समाज को नशामुक्त बनाने का संकल्प लिया। उन्होंने कैंसर, हृदय रोग, फेफड़ों की बीमारियों और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से बचाव के लिए तंबाकू से दूर रहने का संदेश दिया। इसके साथ ही, तंबाकू नियंत्रण कानूनों का पालन करने और स्वस्थ समाज के निर्माण में योगदान देने की शपथ भी ली।
प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की पहल
इस अभियान को सफल बनाने के लिए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने मिलकर कई गतिविधियों का आयोजन किया। अधिकारियों ने कहा कि तंबाकू नियंत्रण केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को यह समझाने का प्रयास किया जा रहा है कि तंबाकू सेवन न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को प्रभावित करता है, बल्कि परिवार और समाज पर भी नकारात्मक प्रभाव डालता है।
कार्यक्रम में नागरिकों की भागीदारी
इस कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक सादिक अनवर रिजवी, परियोजना निदेशक आईटीडीए सुषमा नीलम सोरेंग, अपर समाहर्ता जितेंद्र मुंडा सहित जिला प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। इसके अलावा, स्वास्थ्य विभाग के कर्मी, सहिया कार्यकर्ता, सामाजिक संगठन और बड़ी संख्या में आम नागरिक भी इस अभियान का हिस्सा बने।
