झारखंड और बिहार के बीच सोन नदी जल बंटवारे पर ऐतिहासिक समझौता

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की उपस्थिति में एक महत्वपूर्ण समझौता समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, केंद्रीय जलशक्ति मंत्री सीआर पाटिल, बिहार के उपमुख्यमंत्री, केंद्रीय गृहसचिव, और दोनों राज्यों के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे।

बाणसागर समझौते का ऐतिहासिक महत्व

सोन नदी जल बंटवारे का यह मामला वर्ष 1973 के बाणसागर समझौते से संबंधित है। उस समय अविभाजित बिहार के लिए सोन नदी के 7.75 मिलियन एकड़ फीट पानी की हिस्सेदारी तय की गई थी। 15 नवंबर 2000 को झारखंड के गठन के बाद, दोनों राज्यों के बीच सोन नदी के पानी की हिस्सेदारी को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ। यह मुद्दा कई वर्षों तक अनसुलझा रहा, लेकिन अब 26 साल बाद एक ऐतिहासिक समझौता हुआ है, जो दोनों राज्यों के बीच जल संबंधों को सुदृढ़ करेगा।