डेस्क: हाल के बिहार विधानसभा चुनाव में आरजेडी को जबरदस्त हार का सामना करना पड़ा है, जिससे लालू परिवार के बीच मतभेद उभर कर सामने आए हैं। लालू यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने राजनीति से अपने त्याग की घोषणा की है और इसका आरोप तेजस्वी यादव के करीबी सहयोगी संजय यादव पर लगाया है। इस चुनाव में आरजेडी को केवल 25 सीटें मिली हैं, जो 2010 के बाद उनकी सबसे बड़ी हार है।

रोहिणी आचार्य का राजनीतिक संन्यास

रोहिणी आचार्य ने अपने परिवार से अलग होने का इरादा जताया है, जिसके बाद राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में लिखा है कि वे राजनीति छोड़ रही हैं और संजय यादव तथा रमीज द्वारा ऐसा करने के लिए प्रेरित होने की बात कही। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे सभी दोष अपने ऊपर ले रही हैं।

संजय यादव और रमीज की भूमिकाएँ

संजय यादव को तेजस्वी यादव का सलाहकार माना जाता है, जबकि रमीज हमेशा तेजस्वी के आसपास रहते हैं। संजय यादव राज्यसभा सांसद हैं और आरजेडी की नीतियों पर उनका प्रभाव रहता है, जबकि रमीज के पास राजद में कोई आधिकारिक पद होने की जानकारी उपलब्ध नहीं है।