कोडरमा। झुमरीतिलैया बाजार समिति में शनिवार को खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी अभिषेक आनंद ने एक जांच अभियान आयोजित किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न दुकानों पर जाकर यह सुनिश्चित किया कि फलों को पकाने के लिए प्रतिबंधित रसायनों, जैसे कि कैल्शियम कार्बाइड का उपयोग तो नहीं किया जा रहा है।
जांच के दौरान यह पाया गया कि अधिकांश विक्रेता नियमों का पालन करते हुए फलों को पकाने के लिए एथलीन पुड़िया का उपयोग कर रहे हैं, जो कि सुरक्षित माना जाता है। हालांकि, विभाग ने सभी फल विक्रेताओं को स्पष्ट रूप से चेतावनी दी कि किसी भी स्थिति में प्रतिबंधित पदार्थों का उपयोग न करें, क्योंकि यह रसायन स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक है और इसके उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध है।
अभिषेक आनंद ने चेतावनी दी कि अगर किसी विक्रेता को कार्बाइड का उपयोग करते हुए पकड़ा गया, तो उसके खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसमें जेल की सजा और 10 लाख रुपये तक का जुर्माना शामिल हो सकता है। इसके साथ ही, सभी दुकानदारों को 14 दिनों के भीतर फूड लाइसेंस बनवाने का निर्देश दिया गया है।
खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की पहल
अभिषेक आनंद ने बताया कि इस प्रकार के जांच अभियान आगे भी नियमित रूप से किए जाएंगे, ताकि बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को सुनिश्चित किया जा सके। उनके साथ इस जांच अभियान में तिलैया थाना के पुलिसकर्मी भी शामिल थे, जिन्होंने पूरी प्रक्रिया में सहयोग किया।
इस दौरान मिठाई दुकानों, होटलों, ठेला-खोमचा और फूड स्टॉल के संचालकों को साफ-सफाई और गुणवत्ता को लेकर सख्त निर्देश दिए गए। उन्हें कहा गया कि वे अपने प्रतिष्ठानों में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें और किसी भी प्रकार की एक्सपायरी या खराब खाद्य सामग्री का उपयोग न करें।
विशेष रूप से चाट, गोलगप्पा और मसाला बेचने वालों को चेतावनी दी गई कि वे किसी भी प्रकार के प्रतिबंधित या हानिकारक रंगों का उपयोग न करें। विभाग ने स्पष्ट किया कि लोगों के स्वास्थ्य से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
