महिला नक्सली ने बच्चे के साथ आत्मसमर्पण किया

रांची के पुलिस मुख्यालय में गुरुवार को एक भावुक क्षण देखने को मिला, जब एक महिला नक्सली अपने छोटे बच्चे के साथ आत्मसमर्पण करने आई। इस महिला ने डीजीपी तदाशा मिश्रा के समक्ष औपचारिक रूप से अपने हथियार डालकर मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया। डीजीपी ने महिला को शॉल ओढ़ाकर और एक बुके देकर उसका स्वागत किया। इस दृश्य ने वहां उपस्थित अधिकारियों और अन्य लोगों के बीच चर्चा का विषय बना दिया। उल्लेखनीय है कि यह महिला नक्सली उन 27 उग्रवादियों में से एक है, जिन्होंने सामूहिक रूप से आत्मसमर्पण किया।

मिसिर बेसरा नेटवर्क पर सुरक्षा बलों का दबाव

सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि यह आत्मसमर्पण माओवादी संगठन के पोलित ब्यूरो सदस्य मिसिर बेसरा और सेंट्रल कमेटी मेंबर असीम मंडल के नेटवर्क के लिए एक बड़ा झटका साबित होगा। सारंडा के मंकी फॉरेस्ट क्षेत्र में सक्रिय इस गुट पर लंबे समय से सुरक्षा बलों का दबाव बना हुआ है। सूत्रों के अनुसार, लगातार बढ़ते दबाव के चलते नक्सली संगठन अब अपने पुराने सुरक्षित ठिकानों की ओर लौट सकता है, विशेष रूप से पोड़ाहाट क्षेत्र की तरफ। पुलिस को यह आशंका है कि एक करोड़ रुपये के इनामी मिसिर बेसरा और सालुका जैसे शीर्ष नक्सली अब भी दुर्गम पहाड़ी इलाकों में छिपे हो सकते हैं।