केरल में मुख्यमंत्री चयन की प्रक्रिया तेज, सुधाकरन दिल्ली पहुंचे

केरल में मुख्यमंत्री पद के चयन को लेकर जारी सस्पेंस के बीच, कांग्रेस नेता के. सुधाकरन दिल्ली की ओर रवाना हो गए हैं। उनकी यात्रा का उद्देश्य कांग्रेस आलाकमान के साथ महत्वपूर्ण बैठक में भाग लेना है, जहां राज्य के नए मुख्यमंत्री के नाम पर चर्चा होने की संभावना है। दिल्ली जाने से पहले सुधाकरन ने यह संकेत दिया कि वह ‘खुश और मुस्कुराते हुए’ लौटेंगे, लेकिन मुख्यमंत्री चयन पर कोई स्पष्ट टिप्पणी नहीं की। उनके साथ दिल्ली पहुंचे अन्य वरिष्ठ नेताओं में वी. एम. सुधीरन और एम. एम. हसन भी शामिल हैं, जो आलाकमान को केरल की राजनीतिक स्थिति की जानकारी देंगे।

मुख्यमंत्री के नाम की घोषणा जल्द

कांग्रेस नेता के. मुरलीधरन ने यह जानकारी दी है कि अगले 48 घंटों में मुख्यमंत्री के नाम की घोषणा हो सकती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस एक लोकतांत्रिक पार्टी है और इस निर्णय को विधायक, सहयोगी दलों, तथा वरिष्ठ नेताओं के साथ चर्चा के बाद लिया जाएगा। मुरलीधरन ने यह भी कहा कि नई पीढ़ी के नेताओं के सामने आने से स्वाभाविक रूप से मतभेद और चर्चा होती है।

प्रधानमंत्री मोदी का तंज

हाल ही में संपन्न विधानसभा चुनाव में, कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट ने 140 में से 102 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत पाया। हालांकि, मुख्यमंत्री के नाम पर सहमति नहीं बनने के कारण राजनीतिक चर्चाएं बढ़ गई हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस सरकारें शासन के बजाय अंदरूनी खींचतान में उलझी रहती हैं। इस पर कांग्रेस नेता रमेश चेन्निथला ने उत्तर दिया कि कांग्रेस अपने निर्णय लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत लेती है, जबकि बीजेपी में निर्णय केंद्रीकृत होते हैं। उन्होंने याद दिलाया कि दिल्ली में बीजेपी को भी मुख्यमंत्री तय करने में करीब 50 दिन लगे थे।

कांग्रेस पर बोम्मई का हमला

कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने कांग्रेस पर आरोप लगाया है कि वह अन्य पार्टियों के सहारे राजनीति कर रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा ‘जनता की राजनीति’ करती है, जबकि कांग्रेस अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रही है। बोम्मई ने कर्नाटक सरकार पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप भी लगाए, यह बताते हुए कि राज्य में बिना पैसे दिए कोई भी काम नहीं होता है और विकास ठप हो गया है। इसके साथ ही उन्होंने अनुसूचित जाति-जनजाति और पिछड़े वर्गों के लिए आवंटित फंड के गलत इस्तेमाल का भी उल्लेख किया। बोम्मई ने भाजपा कार्यकर्ताओं से जनता की आवाज बनने और राष्ट्रहित के लिए काम करने की अपील की।