अब किसी के पास एक साथ पांच लीटर से अधिक शराब पाया गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. ये बातें कल शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ने कही. झारखंड शराब नीति में छत्तीसगढ़ का कंसल्टेंट बहाल किया गया है.

रांची: मद्य निषेध व शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ने कहा कि राज्य में एक नया कानून लागू होने जा रहा है, जिसमें किसी के पास एक साथ पांच लीटर से अधिक शराब पाये जाने पर अवैध माना जायेगा और गैरजमानतीय धाराओं के तहत प्राथमिकी होगी. नयी शराब नीति में छत्तीसगढ़ का कंसल्टेंट बहाल किया गया है. हमारा राजस्व कैसे बढ़े, इस पर ध्यान दिया जा रहा है. राज्य में पहले 25 स्टोर थे. अब केवल पांच स्टोर होंगे. अवैध शराब की बिक्री हर हाल में रोकी जायेगी.
एक सवाल के जवाब में श्री महतो ने कहा कि रांची में स्थानीय नीति को लेकर कुछ लोग आंदोलन कर रहे हैं. हमारी सरकार शुरू से 1932 आधारित स्थानीय नीति की पक्षधर है, ऐसे में इस मुद्दे पर आंदोलन का कोई अर्थ नहीं है
उन्होंने कहा कि जब नयी स्थानीय नीति लागू हो जायेगी, तो नियोजन नीति का मामला स्वत: खत्म हो जायेगा. मंत्री ने कहा कि वर्ष 2000 में जब बाबूलाल मरांडी की पहली सरकार बनी, तो यही स्थानीय नीति की मांग हुई. वह 1932 के ट्रैक पर चल रहे थे, लेकिन तब कुछ लोगों ने सरकार गिराने का काम किया. स्थानीय नीति का विरोध करने वाले लोग दूसरी बार विधानसभा का मुंह नहीं देख सके.
मंत्री ने कहा कि झारखंड में पहली बार इतना बड़ा बजट आया है. शिक्षा विभाग में 11.5 हजार करोड़ का बजट है. सरकार शिक्षा को बेहतर करने के लिए हर दिशा में पहल कर रही है. उन्होंने कहा कि कोराना काल में बच्चों की शिक्षा बाधित हुई है. उसकी पूरी भरपायी संभव नहीं है. बावजूद हमलोग इसके लिए प्रयास कर रहे हैं. मंत्री श्री महतो ने कहा कि मई माह तक पंचायत चुनाव हर हाल में होगा. जनता की जनप्रतिनिधियों से काम के प्रति लालसा रहती है.
