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📌 गांडीव लाइव डेस्क:
ईडी द्वारा बालू खनन के मामले में चार्जशीट दायर
अवैध बालू खनन के संबंध में पीएमएल अधिनियम के तहत चल रही जांच में, ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) ने बड़कागांव की पूर्व कांग्रेस विधायक अंबा प्रसाद के भाई अंकित राज के खिलाफ कई प्रमुख जानकारी साझा की है।
अवैध खनन और संपत्ति की जब्ती
ईडी ने चार्जशीट में बताया कि अंकित राज ने अपने खनन लाइसेंस की अवधि समाप्त होने के बाद भी बालू का खनन जारी रखा और इस दौरान उसने अधिकारियों को धमकाने का भी काम किया। जांच के तहत 13.24 एकड़ भूमि और एक करोड़ रुपये मूल्य के मकान को जब्त किया गया है। इसमें 2021 में 75 लाख रुपये में खरीदी गई आठ डिसमिल जमीन भी शामिल है, जिस पर अंकित ने 26 लाख रुपये की लागत से पक्का मकान बनवाया था।
जमीन की विस्तृत जानकारी
ईडी ने बताया है कि उसने विभिन्न मौजाओं में कई भूमि को भी जब्त किया है, जिनमें शामिल हैं:
- मौजा जोरदाग: 53.5 डिसमिल
- मौजा सदमपुर: 89.16 डिसमिल
- मौजा बहोरनपुर: 73 डिसमिल
- और कई अन्य जमीनें।
यह कार्रवाई गुमला में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ के साथ भी जोड़कर देखी जा रही है, जिसमें JJMP के तीन उग्रवादी मारे गए हैं।
संपत्तियों की कुल मूल्यांकन
चार्जशीट में कहा गया है कि अंकित राज से संबंधित 3.02 करोड़ रुपये की 30 चल-अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से जब्त किया गया है। यह संपत्तियाँ अवैध बालू खनन के माध्यम से अर्जित की गई थीं। 2019 में सोनपुरा घाट के लिए खनन लाइसेंस समाप्त होने के बाद भी, उसने हाहारो, प्लांडू व दामोदर नदियों से बालू निकाला था।
ईडी की कार्रवाई
अभी तक, ईडी ने इस मामले में कुल 3.40 करोड़ रुपये की संपत्तियों को जब्त करने की प्रक्रिया पूरी की है। यह जांच झारखंड पुलिस में दर्ज 16 प्राथमिकियों के आधार पर की जा रही है, जिसमें जबरन वसूली, अवैध बालू खनन और सरकारी कार्यों में बाधा डालने के आरोप शामिल हैं।
इस प्रकार, ईडी की कार्रवाई यह दर्शाती है कि अवैध खनन और उसकी रोकथाम के प्रति गंभीर कदम उठाए जा रहे हैं।
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