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📌 गांडीव लाइव डेस्क:
कुड़मी समाज का रेल टेका आंदोलन, सरकार ने दिया आश्वासन 🚂
रांची: शनिवार को कुड़मी समाज ने एसटी का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर रेल टेका आंदोलन शुरू किया। झारखंड के विभिन्न स्थानों पर इस आंदोलन के दौरान रेल सेवाएं ठप हो गईं। देर रात केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से दिए गए आश्वासन के बाद आंदोलन को वापस लेने का फैसला किया गया। आदिवासी कुड़मी समाज के वरिष्ठ उपाध्यक्ष, छोटेलाल महतो ने बताया कि गृह मंत्रालय ने उनकी मांगों पर त्वरित कार्यवाही का आश्वासन दिया है। इस मुद्दे पर जल्द ही गृह मंत्रालय और समाज के नेताओं के बीच वार्ता होगी।
कुड़मी आंदोलन का प्रभाव 🚧
कुड़मी समाज के ‘रेल टेका डोहोर छेका’ आंदोलन के कारण रेलवे में व्यवधान आ गया। कई ट्रेनों को रद्द किया गया, जबकि कुछ को विभिन्न स्टेशनों पर रोका गया। आंदोलन के दौरान, रांची और हटिया स्टेशन से करीब एक दर्जन ट्रेनों को रद्द कर दिया गया, जिसका असर लगभग 2 लाख यात्रियों पर पड़ा।
ट्रेनों की रद्दीकरण की सूची 📅
शनिवार को 14 ट्रेनों का परिचालन रद्द करने के कारण, रांची और हटिया आने वाली 20 से अधिक ट्रेनें विभिन्न स्टेशनों पर फंसी रहीं। इस कारण लगभग 28,000 यात्री अपने गंतव्य तक नहीं पहुँच सके।
डीआरएम करुणा निधि सिंह ने रविवार को बताया कि आंदोलन समाप्त होने के बाद, ज्यादातर ट्रेनों को चलाने का प्रयास किया जाएगा, हालांकि रेल पटरियों की स्थिति के कारण कुछ ट्रेनें रद्द रह सकती हैं।
रविवार के लिए रद्द किए गए महत्वपूर्ण ट्रेनें 🚆
- टाटानगर-बरकाकाना
- आद्रा-बरकाकाना
- आसनसोल-रांची
- पटना-रांची वंदे भारत
- रांची-हावड़ा इंटरसिटी
रविवार को 27 ट्रेनें रद्द रहने की उम्मीद है। इस स्थिति से यात्री वर्ग को कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन रेलवे प्रशासन इस मामले में सक्रियता से काम कर रहा है।
आंदोलन के दौरान हुई हल्की झड़पों का समापन हो चुका है और भविष्य में स्थिति में सुधार की संभावनाएं बनी हुई हैं।
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